Rang Barse Bheege Chunar Wali एक प्रसिद्ध होली गीत है, जिसे भारतीय संस्कृति में बहुत महत्व प्राप्त है। यह गीत होली के रंगों, प्रेम और उल्लास को दर्शाता है। यह भजन भगवान कृष्ण और ब्रजभूमि की होली की परंपरा से जुड़ा हुआ है, जिसमें प्रेम, भक्ति और मस्ती का अद्भुत समावेश है।
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Table of Contents
भजन का परिचय
Rang Barse Bheege Chunar Wali गीत मुख्य रूप से प्रेम और रंगों के मिलन का प्रतीक है। यह गीत न केवल मनोरंजन प्रदान करता है, बल्कि ब्रज की होली की पारंपरिक झलक भी प्रस्तुत करता है।
रंग बरसे भीगे चुनर वाली लीरिक्स – Rang Barse Bheege Chunar Wali Lyrics in hindi
रंग बरसे भीगे चुनर वाली,
रंग बरसे
रंग बरसे भीगे चुनर वाली,
रंग बरसे
अरे किने मारी पिचकारी,
तोरी भीगी अंगिया हो
रंग रसिया, रंग रसिया,
हो रंग बरसे
सोने की थाली में जो ना परोसा,
सोने की थाली में जो ना परोसा
खाए गोरी का यार बलम तरसे
रंग बरसे, रंग बरसे
लंगा इलायची का बीड़ा लगाया,
लंगा इलायची का बीड़ा लगाया
चबाए गोरी का यार बलम तरसे
रंग बरसे भीगे चुनर वाली
बेला चमेली का सेज बिछाया,
बेला चमेली का सेज बिछाया
सोए गोरी का यार बलम तरसे
रंग बरसे, रंग बरसे
रंग बरसे भीगे चुनर वाली,
रंग बरसे
रंग बरसे भीगे चुनर वाली,
रंग बरसे
Rang Barse Bheege Chunar Wali Info
विवरण | जानकारी |
---|---|
गाना | रंग बरसे |
गायक | अमिताभ बच्चन |
संगीत | शिव-हरी |
गीतकार | हरिवंश राय बच्चन |
संगीत लेबल | टी-सीरीज़ |
भजन का धार्मिक महत्व
Rang Barse Bheege Chunar Wali गीत केवल एक मनोरंजक भजन नहीं है, बल्कि यह भगवान श्रीकृष्ण की होली लीला का सुंदर वर्णन भी करता है। होली का त्यौहार ब्रजभूमि में प्रेम और भक्ति से ओतप्रोत होता है, जहां कृष्ण गोपियों के साथ रंगों की मस्ती में डूब जाते हैं।
यह गीत उसी परंपरा का एक जीवंत चित्रण है, जहां प्रेम और रंगों की छटा एक साथ देखने को मिलती है।
भजन की विशेषताएं
गीत में ब्रज की होली का सुंदर वर्णन है।
भगवान कृष्ण की लीला और गोपियों के साथ उनके प्रेम का प्रदर्शन किया गया है।
गीत में उल्लास, प्रेम और भक्ति का अद्भुत मिश्रण है।
यह गीत होली के उत्सव में विशेष रूप से गाया जाता है।
भजन का महत्व भारतीय संस्कृति में
होली के अवसर पर गाए जाने वाले भजनों में Rang Barse Bheege Chunar Wali का विशेष स्थान है। यह भजन प्रेम, भक्ति और आनंद का संदेश देता है। भारतीय संस्कृति में इस भजन को सुनकर भक्तजन भगवान कृष्ण के प्रेम और होली की मस्ती में डूब जाते हैं।
निष्कर्ष
Rang Barse Bheege Chunar Wali भजन ब्रज की होली और भगवान श्रीकृष्ण की लीला का सुंदर वर्णन है। यह भजन प्रेम, भक्ति और उल्लास का प्रतीक है, जो होली के अवसर पर भक्तों को ईश्वरीय प्रेम में सराबोर कर देता है।